उद्योगों में न्यूनतम वेतन बढ़ोतरी की अफवाहों पर रोक लगाने की मांग
संवाददाता
रामपुर। उत्तराखंड में उद्योगों के संगठन SEWS ने न्यूनतम वेतन बढ़ोतरी को लेकर फैल रही अफवाहों पर चिंता जताई है। संगठन पदाधिकारियों ने पत्रकार वार्ता में कहा कि कुछ स्वार्थी तत्व यह भ्रम फैला रहे हैं कि केंद्र सरकार ने न्यूनतम वेतन बढ़ा दिया है और राज्य सरकार व उद्योग इसे लागू करने में देरी कर रहे हैं, जबकि वास्तविकता यह है कि केंद्र सरकार की ओर से अभी तक इस संबंध में कोई अधिसूचना जारी नहीं की गई है।
पदाधिकारियों ने बताया कि वर्तमान समय में उद्योग पहले से ही एलपीजी, पीएनजी और बिजली की बढ़ी हुई दरों के बीच संचालन कर रहे हैं। इसके बावजूद उत्तराखंड में हमेशा औद्योगिक शांति का माहौल रहा है और श्रमिक अपनी मेहनत से परिवार का पालन-पोषण कर रहे हैं।
SEWS के प्रतिनिधिमंडल ने श्रमायुक्त से मुलाकात कर मांग की कि श्रम विभाग की ओर से स्पष्ट पत्र जारी कर यह जानकारी सार्वजनिक की जाए कि फिलहाल न्यूनतम वेतन वृद्धि संबंधी कोई अधिसूचना जारी नहीं हुई है। प्रतिनिधिमंडल के अनुसार श्रमायुक्त ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित पत्र जारी करने के निर्देश दिए हैं।
संगठन ने राज्य व केंद्र सरकार से भी अपील की कि प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से सही जानकारी आम जनता तक पहुंचाई जाए, ताकि उद्योगों में शांति और सौहार्द का माहौल बना रहे तथा अफवाहों पर रोक लग सके। SEWS पदाधिकारियों ने जिला प्रशासन, स्थानीय पुलिस, श्रम विभाग, मीडिया, श्रमिकों और होटल प्रबंधन का सहयोग के लिए आभार जताया। इस दौरान संगठन के कई पदाधिकारी मौजूद रहे।






































